October 5, 2022

ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के भाई-भाभी के फर्म की बिजली कटी, 95 लाख रुपए की राशि बकाया थी

  • कांग्रेस का कहना है मंत्री जी को बिजली कनेक्शन कटवाने की बजाय बिजली बिल जमा करवाना चाहिए था जिससे विभाग का कुछ भला होता।

मध्यप्रदेश के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के भाई की फर्म का बिजली कनेक्शन काट दिया गया। उनकी फर्म ऋतुराज स्टोन क्रेशर पर 95 लाख का बिजली का बिल बकाया था। बार-बार नोटिस देने के बाद भी जब पैसा जमा नहीं किया गया तो कंपनी ने कनेक्शन काट दिया। मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के निर्देश पर बिजली विभाग ने ये कार्रवाई की और फिर इसकी प्रेस विज्ञप्ति भी जारी कर दी। कांग्रेस ने मामले की जांच कराने की मांग करते हुए कहा मंत्री जी कनेक्शन कटवाने के बजाए बिल जमा करवाइए।

 95 लाख बकाया 

बिजली बिल बकाया होने के कारण ग्वालियर जिले के बिलौआ में 5 संस्थानों की बिजली काटी गई है। ऋतुराज स्टोन क्रेशर पर 95 लाख रुपए की राशि बकाया थी। नोटिस देने के बाद भी जब बिल का भुगतान नहीं हुआ तो बिजली कंपनी ने ऋतुराज स्टैंड क्रेशर का बिजली कनेक्शन काट दिया। ऋतुराज स्टोन क्रेशर कैबिनेट मंत्री ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर की भाभी मनोरमा तोमर और उनके भाइयों के नाम है। नोटिस देने के बाद भी बीते 7 महीने में ऋतुराज स्टोन क्रेशर ने बिजली बकाया जमा नहीं किया था।

 मंत्री ने पहले ट्वीट किया फिर निर्देश

ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने पहले ट्वीट कर बिजली अधिकारियों को सबके साथ एक समान कार्रवाई करने की सलाह दी। फिर उन्होंने बिजली अधिकारियों को फोन कर ऋतुराज स्टोन क्रेशर सहित अन्य बकायादार संस्थानों के बिजली कनेक्शन काटने के निर्देश दिए। ऊर्जा मंत्री के निर्देश मिलते ही बिजली अधिकारियों ने ऋतुराज स्टोन क्रेशर सहित पांच संस्थानों की बिजली काट दी और बाकायदा इसकी विज्ञप्ति भी प्रेस के लिए जारी कर दी।

बिल जमा करवाएं मंत्रीजी

कांग्रेस ने ऊर्जा मंत्री के भाई के स्टोन क्रेशर पर बिजली बिल बकाया होने का मामला उठाया था। उसी के बाद ये कार्रवाई की गयी। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि बीते 7 महीने से प्रद्युम्न सिंह तोमर मंत्री हैं लेकिन उन्होंने अपने भाई के स्टोन क्रेशर का बिजली बिल जमा नहीं कराया। अब मामला उठा तो बिजली कनेक्शन काटने का नाटक किया जा रहा है। कांग्रेस का कहना है मंत्री जी को बिजली कनेक्शन कटवाने की बजाय बिजली बिल जमा करवाना चाहिए था जिससे विभाग का कुछ भला होता।

उच्च स्तरीय जांच की मांग

कांग्रेस नेता और पूर्व मंत्री लाखन सिंह यादव ने कहा बार-बार नोटिस देने के बाद भी बिजली बिल जमा नहीं करने और अवैध कनेक्शन चलाकर बिजली की खपत करने के मामले में उच्च स्तरीय जांच होना चाहिए। सरकार को बिजली बिल की राशि की वसूली पेनल्टी के साथ वसूलना चाहिए। कांग्रेस का कहना है एक तरफ जहां ₹600 का बिजली बिल नहीं देने पर उपभोक्ताओं का कनेक्शन काट दिया जाता है। लेकिन ऊर्जा मंत्री के भाई की फर्म पर 95 लाख रुपए का बकाया कैसे हो गया। इस पूरे मामले पर तत्काल कार्रवाई होना चाहिए।