October 4, 2022

कांग्रेस में अध्यक्ष चुनाव को लेकर चर्चा तेज़, दिग्विजय सिंह भी कर सकते हैं पर्चा दाखिल

भोपाल- कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए सरगर्मियां तेज हैं. पार्टी के कई नेता चुनाव लड़ सकते हैं. संभावित उम्मीदवारों में तीन नाम सबसे आगे चल रहे हैं. इनमें राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (Ashok Gehlot), कांग्रेस नेता शशि थरूर (Shashi Tharoor) और वरिष्ठ कांग्रेसी दिग्विजय सिंह (Digvijaya Singh) शामिल हैं. अशोक गहलोत कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी (Sonia Gandhi) और वायनाड (Wayanad) सांसद राहुल गांधी (Rahul Gandhi) की पहली पसंद बताए जा रहे हैं.

अशोक गहलोत ने चुनाव लड़ने के संकेत दिए हैं. अशोक गहलोत आज महाराष्ट्र के प्रसिद्ध शिरडी साईं बाबा मंदिर (
Shirdi Sai Mandir) में दर्शन करेंगे. इससे पहले वह केरल में कांग्रेस की भारत जोड़ो यात्रा (Bharat Jodo Yatra) में शामिल हुए और राहुल गांधी से मुलाकात की. कल यानी 24 सितंबर से चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू होगी जो 30 सितंबर तक चलेगी. माना जा रहा है कि अशोक गहलोत चुनाव के लिए नामांकन दाखिल कर सकते हैं.

इन उम्मीदवारों के बीच होगी प्रतियोगिता

इससे पहले दिल्ली में अशोक गहलोत की सोनिया गांधी से मुलाकात हो चुकी है. पार्टी सूत्रों के मुताबिक, अशोक गहलोत ने कहा था कि वह राहुल गांधी को चुनाव लड़ने के लिए मनाने की आखिरी कोशिश करेंगे, राहुल नहीं माने तो पर्चा भरेंगे. वहीं, कांग्रेस नेता शशि थरूर का चुनाव लड़ना लगभग तय माना जा रहा है. उन्होंने भी हाल में दिल्ली के दस जनपथ आवास पर सोनिया गांधी से मुलाकात की थी. सूत्रों के मुताबिक, शशि थरूर ने सोनिया गांधी से चुनाव लड़ने के बारे में पूछा था, जिस पर सोनिया गांधी ने कहा कि पार्टी में हर कोई चुनाव लड़ने के लिए स्वतंत्र है.

दिग्विजय सिंह भी कांग्रेस अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ सकते हैं. उन्होंने इस बारे में सीधा जवाब नहीं दिया है लेकिन कहा है कि पार्टी के लोग और शीर्ष नेतृत्व जो कहेगा, उसे मानेंगे.

चुनाव लड़ने के सवाल पर क्या कहा दिग्विजय सिंह ने?

एबीपी न्यूज ने जब दिग्विजय से सवाल किया कि क्या वह कांग्रेस अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ेंगे? जवाब में उन्होंने कहा, ”मैं हमेशा लोगों से पूछता हूं, मैं एक ही बात कहता हूं कि तीन चीजों पर दिग्विजय सिंह समझौता नहीं करेगा. नंबर एक- गरीब, वंचित, दलित, आदिवासी के मसलों पर मैं कभी किसी से समझौता नहीं करता चाहे मेरी कुर्सी चली जाए. नंबर दो- मैं वो सारे धार्मिक उन्माद फैलाने वाले संगठन चाहे हिंदुओं के हों, चाहे मुसलमानों के हों, सिखों के हों या ईसाइयों के हों, उनके साथ कभी समझौता नहीं करूंगा. तीसरा- मेरी वफादारी नेहरू-गांधी परिवार के प्रति और कांग्रेस के प्रति है, इस पर मैं समझौता नहीं करूंगा. अगर आपको दिग्विजय सिंह को समझना है तो इन तीन बातों में समझ लीजिए.”

उन्होंने कहा कि पर्चा भरने के लिए न उनसे चर्चा हुई, न होगी, न उन्होंने समय मांगा है. उन्होंने कहा कि सोनिया गांधी की उन पर हमेशा कृपा रही है, जब भी समय मांगते हैं, तत्काल मिलता है लेकिन दिल्ली उस काम से आए नहीं है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस की भारत जोड़ो यात्रा संबंधी मुद्दे पर बात करने के लिए दिल्ली आए हैं. चुनाव लड़ने के सवाल पर उन्होंने कहा, ”जो भी आदेश होगा हमारे नेतृत्व का, उसका पालन दिग्विजय सिंह करता आया है और करता रहेगा.”

इन नामों की भी चर्चा

कांग्रेस के अध्यक्ष पद को लेकर अन्य संभावित उम्मीदवारों में पार्टी महासचिव केसी वेणुगोपाल, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मल्लिकार्जुन खड़गे और सुशील कुमार शिंदे के नाम भी लिए जाए हैं. इन अटकलों से इतना तय है कि कांग्रेस अध्यक्ष के चुनाव में इस बार कई दिग्गज कांग्रेसियों के बीच प्रतियोगिता देखने को मिल सकती है. एक से ज्यादा उम्मीदवार होने पर 17 अक्टूबर को मतदान होगा और चुनाव के नतीजे 19 अक्टूबर को घोषित किए जाएंगे.