November 28, 2022

पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा – विधायकों की खरीद-फरोख्त तेज़ हो रही है, जागरूक मतदाता सब देख रहे हैं 3 नवंबर को माकूल जवाब देंगे

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने बीजेपी पर बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा है कि बीजेपी की तरफ से कांग्रेस के कई विधायकों को दल-बदल के लिए मोटी रकम के ऑफर दिए जा रहे हैं। मीडिया से बातचीत में कमलनाथ ने दावा किया कि उनके पास कई कांग्रेस विधायकों के फोन आ रहे हैं, जो बता रहे हैं कि बीजेपी उन्हें प्रलोभन दे रही है। पैसे का ऑफर दे रही है। एडवांस देने की बात कर रही है।

कमलनाथ ने कहा कि चुनाव तो प्रजातंत्र का उत्सव होता है, लेकिन बीजेपी ने इसे सौदेबाजी का उत्सव बना दिया है, बिकाऊ उत्सव बना दिया है। लेकिन आज का मतदाता बहुत समझदार है। वो सब कुछ देख रहा है और अपने वोट से सारा हिसाब करेगा। कमलनाथ ने दावा किया कि बीजेपी को उपचुनाव में अपनी हार सामने नज़र आ रही है और इसीलिए वो खरीद-फरोख्त पर उतर आई है। अगर उसे वाकई 15 सीटें जीतने का भरोसा होता तो सौदेबाज़ी करने की ज़रूरत ही क्यों पड़ती। उन्होंने कहा कि भाजपा को 10 नवंबर को आने वाले परिणाम का अभी से अंदेशा हो गया है। इसलिए तो भाजपा परिणाम का इंतजार नहीं कर रही है। सौदेबाजी का खेल अभी से ही शुरू कर दिया है। अब उनके पास यही उपाय बचा है। वह जान लें कि मध्य प्रदेश की जनता सरल है। सीधी-साधी है, लेकिन बेहद जागरूक है।

कमलनाथ ने कहा कि मैं सौदेबाजी की राजनीति में विश्वास नहीं करता। मैं चाहता तो मैं भी ऐसी राजनीति कर सकता था, लेकिन मैं मध्य प्रदेश को कभी कलंकित नहीं होने दूंगा। मैं कभी भी सौदेबाजी की राजनीति नहीं करूंगा। कांग्रेस मध्यप्रदेश में सौदेबाजी की राजनीति नहीं कर एक उदाहरण प्रस्तुत करेगी। भाजपा तो खुद ही कह रही है कि अभी दो-तीन विधायक और आ रहे हैं, तो क्या बगैर सौदेबाजी के आ रहे हैं? सात महीने से तो हमारी सरकार भी नहीं है, जनता खुली आंखों से इनकी सच्चाई देख रही हैं। बीजेपी को जितनी सौदेबाजी की राजनीति करना हो करें, जितना प्रलोभन देना हो दे। हम सौदेबाज़ी से दूर रहेंगे।

कमलनाथ ने आरोप लगाया कि बीजेपी की हरकतों और नीतियों के कारण मध्य प्रदेश पूरे देश में कलंकित हो रहा है। जब एक गांव का साधारण व्यक्ति समझ रहा है कि किस कारण से हमारे प्रदेश में उपचुनाव हो रहे हैं, तो क्या देश की जनता इस सच्चाई को नहीं समझती है? तीन तारीख को प्रदेश की जनता तय करेगी कि वह प्रदेश का कैसा भविष्य चाहती हैं।

सिर्फ बीजेपी नहीं, प्रशासनिक तंत्र से भी मुकाबला: कमलनाथ

पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने आरोप लगाया कि इस चुनाव में हमारा मुकाबला बीजेपी से ही नहीं बल्कि प्रशासनिक तंत्र से भी है। छोटे-छोटे शासकीय कर्मचारियों पर बीजेपी के पक्ष में काम करने के लिए दबाव डाला जा रहा है। पुलिसकर्मी कांग्रेस कार्यकर्ताओं को भी डरा धमकाकर बीजेपी के पक्ष में प्रचार करने का दबाव बना रहे हैं। इस संबंध में कांग्रेस ने चुनाव आयोग के पास अलग-अलग चार शिकायतें भेजी हैं। बीजेपी के पक्ष में काम करने वाले अधिकारी यह जान लें कि 10 के बाद 11 तारीख भी आएगी।